ⓘ मुक्त ज्ञानकोश. क्या आप जानते हैं? पृष्ठ 349




                                               

कैसरबाग

कैसरबाग, भारत के उत्तर प्रदेश राज्य की राजधानी लखनऊ में स्थित अवध क्षेत्र का एक मोहल्ला है। यह अवध के अंतिम नवाब वाजिद अली शाह, के द्वारा बनाया गया था।

                                               

लखनऊ का इतिहास

गलत लिखा है ये सत्य तो ये है कि लखनऊ की स्थापना महाराजा लाखनपासी ने 10वीं सदी में कि थी जो आज राम के भाई लक्ष्मण को दिखाया जा रहा जो1775 दिखाया जा रहा बहुत बाद की बात हैलखनऊ को प्राचीन काल में लक्ष्मणपुऔर लखनपुर के नाम से जाना जाता था। कहा जाता ह ...

                                               

लखनऊ समझौता

लखनऊ समझौता दिसंबर 1916 में भारतीय राष्ट्रीय काँग्रेस और अखिल भारतीय मुस्लिम लीग द्वारा किया गया समझौता है, जो 29 दिसम्बर 1916 को लखनऊ अधिवेशन में भारतीय राष्ट्रीय काँग्रेस द्वारा और 31 दिसम्बर 1916 को अखिल भारतीय मुस्लिम लीग द्वारा पारित किया गया।

                                               

इब्राहिम लोदी

इब्राहिम लोदी दिल्ली सल्तनत का अंतिम सुल्तान था। वह अफगानी था। उसने भारत पर 1517-1526 तक राज्य किया और फिर मुगलों द्वारा पराजित हुआ, जिन्होंने एक नया वंश स्थापित किया, जिस वंश ने यहाँ तीन शताब्दियों तक राज्य किया। इब्राहिम को अपने पिता सिकंदर लोद ...

                                               

बहलूल खान लोदी

बहलोल खान लोदी दिल्ली के लोदी वंश का प्रथम सुलतान बना, जब पिछले सैयद वंश के अंतिम शासक पदच्युत हुआ। बहलूल एक अफगान व्यापारियों के परिवार में पैदा हुआ था। बाद में यह एक प्रसिद्द योद्धा होकर पंजाब का राज्यपाल बना। इसने दिल्ली सल्तनत अप्रैल 19.1451 ...

                                               

लोधी उद्यान, दिल्ली

लोधी उद्यान दिल्ली शहर के दक्षिणी मध्य इलाके में बना सुंदर उद्यान है। यह सफदरजंग के मकबरे से १ किलोमीटर पूर्व में लोधी मार्ग पर स्थित है। पहले ब्रिटिश काल में इस बाग का नाम लेडी विलिंगटन पार्क था। यहां के उद्यान के बीच-बीच में लोधी वंश के मकबरे ह ...

                                               

सिकन्दर लोदी

सिकंदर लोदी लोदी वंश का द्वितीय शासक था। अपने पिता बहलूल खान लोदी की मृत्यु जुलाई १७, १४८९ उपरांत यह सुल्तान बना। इसके सुल्तान बनने में कठिनई का मुख्य कारण था इसका बडा़ भाई, बर्बक शाह, जो तब जौनपुर का राज्यपाल था। उसने भी इस गद्दी पर अपने पिता के ...

                                               

भारत में शरणार्थी

भारत में शरणार्थी नामक इस लेख में भारत में शरण लेने आये लोगों और इस तरह की समस्याओं के इतिहास से है। भारत में आने वाले शरणार्थियों का एक लम्बा इतिहास है, जिनमें मुख्य हैं- भारत विभाजन के समय के शरणार्थी, तिब्बती शरणार्थी, बांग्लादेश से आये शरणार् ...

                                               

पंजाबी सूबा आन्दोलन

पंजाबी सूबा आन्दोलन पंजाब क्षेत्र में पंजाबी "सूबा" बनाने के लिये 1950 के दशक में शिरोमणि अकाली दल के नेतृत्व में चला था। इसके कारण पंजाबी बहुसंख्यक पंजाब, हरियाणवी बहुसंख्यक हरियाणा और पहाड़ी बहुसंख्यक हिमाचल प्रदेश की स्थापना हुई।

                                               

महात्मा गांधी की हत्या

{{Infobox civilian attack |title= मोहनदास करमचंद गांधी की हत्या |image=Beretta Model 21 In Hand.jpg |caption= सबसे छोटी बैरेटा पिस्तौल का चित्र |location=नई दिल्ली |target=मोहनदास करमचंद गांधी |date=30 जनवरी1948 |time= |timezone= |weapons=अर्ध - ...

                                               

राष्ट्रपति शासन

राष्ट्रपति शासन भारत में शासन के संदर्भ में उस समय प्रयोग किया जाने वाला एक पारिभाषिक शब्द है, जब किसी राज्य सरकार को भंग या निलंबित कर दिया जाता है और राज्य प्रत्यक्ष संघीय शासन के अधीन आ जाता है। भारत के संविधान का अनुच्छेद-356, केंद्र की संघीय ...

                                               

वास्तविक नियंत्रण रेखा

वास्तविक नियंत्रण रेखा भारत और चीन के बीच की वास्तविक सीमा रेखा है। ४,०५७ किलोमीटर लंबी यह सीमा रेखा जम्मू - कश्मीर में भारत अधिकृत क्षेत्और चीन अधिकृत क्षेत्र अक्साई चीन को पृथक करती है। यह लद्दाख, कश्मीर, उत्तराखंड, हिमाचल, सिक्किम और अरुणाचल प ...

                                               

पश्चिमी पाकिस्तान

पश्चिमी पाकिस्तान, एक इकाई व्यवस्था के तहत, तत्कालीन पाकिस्तान की पश्चिमी इकाई थी, जो अब, वर्तमान पाकिस्तान है।

                                               

नई भूमि अभियान

नई भूमि अभियान सोवियत संघ में १९५० और १९६० के दशकों में अन्न की सख़्त कमी से निबटने के लिए मध्य एशिया, उत्तरी कॉकस और पश्चिमी साइबेरिया के विशाल स्तेपी मैदानी क्षेत्रों में नए सिरे से कृषि शुरू करने की योजना का नाम था। इसका उद्घाटन १९५३ में उस सम ...

                                               

महान देशभक्तिपूर्ण युद्ध (द्वितीय विश्वयुद्ध)

सोवियत संघ का महान् देशभक्तिपूर्ण युद्ध - या द्वितीय विश्वयुद्ध, जो सोवियत जनता के लिए 1941-1945 वर्षों में विशेष रूप से अपने देश के अस्तितव की रक्षा को लेकर सब से बड़ी घटना के रूप में दुनिया के इतिहास में जाना जाता है। इस युद्ध में दो करोड़ अस्स ...

                                               

महान शुद्धिकरण

महान शुद्धिकरण, जिसे येझ़ोव​ राज भी कहा जाता है, सोवियत संघ में सन् १९३७-३८ में सोवियत तानाशाह जोसेफ़ स्टालिन द्वारा आयोजित राजनैतिक दमन और हत्याओं का एक दौर था। इसमें स्तालिन ने पूरे सोवियत समाज में बहुत से साम्यवादी पार्टी कार्यकर्ताओं, सरकारी ...

                                               

रूसी गृहयुद्ध

रुसी गृहयुद्ध भूतपूर्व रुसी साम्राज्य का एक बहुदलीय युद्ध था, जो १९१७ की रुसी क्रान्ति के तुरंत बाद हुआ, जिसमें कई गुटों के बीच रूस के राजनीतिक भविष्य का निर्धारण करने के लिए टकराहट हुई।

                                               

लाल सेना

मज़दूरों और किसानों की लाल सेना का आरम्भ सन् १९१८-१९२२ के रूसी गृहयुद्ध में सोवियत संघ के क्रांतिकारी साम्यवादी लड़ाकू दलों के रूप में हुआ था। सोवियत संघ की स्थापना के बाद यह बढ़कर उस देश की राष्ट्रीय सेना बन गई और १९३० के दशक तक इतिहास की सब से ...

                                               

सोवियत संघ के गणतंत्र

सोवियत संघ के गणतंत्र सोवियत संघ की वह १५ प्रशासनिक इकाईयाँ थीं जो सीधा सोवियत केन्द्रीय सरकार के अधीन आती थी। इन गणतंत्रों का गठन जातीय और भाषीय समुदायों के आधापर किया गया था। सोवियत संघ एक बहुत ही केन्द्रित देश था और जब सोवियत साम्यवादी पार्टी ...

                                               

विजय दिवस

विजय दिवस 16 दिसम्बर को 1971 के युद्ध में पाकिस्तान पर भारत की जीत के कारण मनाया जाता है। इस युद्ध के अंत के बाद 93.000 पाकिस्तानी सेना ने आत्मसमर्पण कर दिया था। साल 1971 के युद्ध में भारत ने पाकिस्तान को करारी शिकस्त दी, जिसके बाद पूर्वी पाकिस्त ...

                                               

नसीपुर राजबाड़ी

नसीपुर राजबाड़ी या नसीपुर राजावती नसीपुर के राजपरिवार का एक महल है। यह विशाल महल नसीपुर में देवीसिंह महाजन द्वारा स्थापित महल के ठीक बगल में स्थित है। वर्तमान महल १८६५ में राजा कीर्ति चन्द्र सिंह द्वारा बनवाया गया था।

                                               

राजा किला देव

देव राज विरासत, Deo, Fort, राजा किला देव यह भारतीय राज्य बिहार के औरंगाबाद जिले में देव नामक स्थान पर स्थित है। ये राजपूत परिवार के माना जाता है की यह सिसोदिया वंस से जुड़ी हुई है। ये वर्णन इतिहास में मिलती है कि देव किला का सबसे अंतिम राजा जगनाथ ...

                                               

राम नगर महल

राम नगर महल. जम्मू कश्मीर के उधमपुर में स्थित, राजा सुचेत सिंह द्वारा बनवाया गया एक महल है। यह महल तीन मंजिला है और इसमें एक बड़ा परिसर है। नियमित दूरी पर निगरानी बुर्ज बने हैं। कक्ष की दीवारें गचकारी कला से सजी हैं और उन पर फूलों के चित्र बने है ...

                                               

लक्ष्मी विलास महल

लक्ष्मी विलास महल बड़ोदरा में स्थित है। महाराजा पैलेस वास्तव में बड़ोदरा, गुजरात, भारत में महलों की एक श्रृंखला को संदर्भित करता है, क्योंकि गायकवाड़ एक प्रसिद्ध मराठा परिवार है, बड़ोदरा राज्य पर शासन करना शुरू कर दिया। पहले एक सरकार की इमारत थी ...

                                               

उम्‍मैद महल

उम्मैद महल जोधपुर में स्थित एक महल है। इसका निर्माण महाराजा उम्‍मैद सिंह द्वारा सन 1943 में करवाया गया था। यह मार्बल और बालूका पत्‍थर से बना है। इस महल के संग्रहालय में पुरातन युग की घडियां और पेंटिंग्‍स भी संरक्षित हैं। यही एक ऐसा बीसवीं सदी का ...

                                               

खेतड़ी महल

खेतड़ी महल का निर्माण भोपाल सिंह द्वारा लगभग 1770 में किया गया था। भोपाल सिंह शार्दुल सिंह का पोता था। यह पता चला है कि प्रसिद्ध खेतड़ी महल किसी भी प्रकार के दरवाजे या खिड़कियां से रहित है इसीलिए इसे हवा महल के रूप में जाना जा रहा है। जयपुर के सव ...

                                               

मुंदोता दुर्ग और महल

मुंदोता दुर्ग और महल लगभग १५५० में बनाया गया एक दुर्ग तथा महल है। यह दुर्ग राजपूती वास्तुकला तथा मुग़ल वास्तुकला में निर्मित है यह जयपुर के मुंदोता कस्बे में स्थित है। मुंदोता पर नथावत वंश के कच्छहवा राजवंश के शासकों ने शासन किया था। महल लगभग १५५ ...

                                               

राजस्थान के महलों की सूची

जय मन्दिर, जयपुर, पहले महल था अब होटल है। अलसिसार हवेली जयपुर। यह पहले शेखावत ठाकुरों का महल था, वर्तमान में यह एक होटल है। नारायण निवास महल, जयपुर, अब होटल है। अम्बर महल पहले यह जयपुर का एक राजकीय निवास स्थल था। जल महल जयपुर हवा महल जयपुर पूर्व ...

                                               

अलखाफेरिया

अलखाफेरिया महल मध्यकाल का एक इस्लामी किला और महल है। इसका निर्माण 11वीं सदी के उत्तरार्ध में अल-आंदालु के थारागोथा तैफे में हुआ था जो कि आज का थारागोथा, स्पेन है। यह इमारत इस लिए अहिम है की आज की तारीक में यह तैफयों के काल की स्पेनी इस्लामी निर्म ...

                                               

अलमुदैना का शाही महल

अलमुदैना का शाही महल या जैसा कि अंग्रेज़ी में Royal Palace of La Almudaina कहा जाता है, एक क़िलाबंफ महल है। यह पालमा दे मलोरका में स्थित है जो कि स्पेन के मयोरका टापू की राजधानी का शहर है। अलमुदैना का शाही महल एक अरब क़िले के रूप में बनाया गया था ...

                                               

कास्तिलो दे इज़नाजर

कास्तिलो दे इज़नाजर इज़नाजर में मौजूद है जो कोरदोबा के अंदालुसिया प्रांत दक्षिणी स्पेन में स्थित एक महल है। महल उच्च रिज पर बैठा है। यह त्रिकोणीय डिज़ाइन रखा है। इसका सबसे बड़ा कोना दक्षिण की तरफ़ है। यह एक बड़ा केंद्रीय स्थान है। यह दक्षिण-पूर्व ...

                                               

कास्तिलो दे तेबेरनास

कैस्तिलो दे तेबेरनास अंदलूसिया स्पेन के स्वायत्त समुदाय में तेबेरनास अल्मेरिया प्रांत के नगर पालिका के बाहरी इलाके में एक बर्बाद महल है। यह अरब वर्चस्व के समय के दौरान 11 वीं सदी में बनाया गया था। यह मुस्लिम शैली में है और एक पहाड़ी की चोटी पर स् ...

                                               

कास्तिलो दे वेलेज़ ब्लान्को

कास्तिलो दे वेलेज़ ब्लान्को अंदलूसिया, स्पेन के स्वायत्त समुदाय के वेलेज़-ब्लैंको, अल्मेरिया के प्रांत की नगर पालिका में स्थित है। यह मार्कस के मर्सिया के राज्यपाल के रूप में उनकी नियुक्ति के बाद बनाया गया था। वह एक प्राचीन और महत्वपूर्ण इस्लामी ...

                                               

नासिरी महल

नासिरी महल या नासरिद महल स्पेन के पर्यटक स्थलों में से एक प्रसिद्ध स्थल है। यह एक खुले आँगन के रूप में है जिसे स्वागत सैलून के रूप में और न्याय के प्रशासन के लिए इस्तेमाल किया गया था। यह मेक्सुआर में प्रवेश से पूर्व आता है। हर जगह दीवारें और छत्र ...

                                               

इंटर-सर्विसेस इंटेलिजेंस

इंटर सर्विस इंटेलीजेंस पाकिस्तान की सबसे बड़ी इंटेलीजेंस सेवा है। 1950 में पूरे पाकिस्तान की आंतरिक और बाह्य सुरक्षा का जिम्मा आईएसआई को सौंप दिया गया। इसमें सेना के तीनों अंगों के अधिकारी मिलकर आईएसआई के लिए काम करते हैं। पूर्व में इसका मुख्यालय ...

                                               

१९६५ का भारत-पाक युद्ध

१९६५ का भारत-पाक युद्ध उन मुठभेड़ों का नाम है जो दोनों देशों के बीच अप्रैल १९६५ से सितम्बर १९६५ के बीच हुई थी। इसे कश्मीर के दूसरे युद्ध के नाम से भी जाना जाता है। भारत और पाकिस्तान के बीच जम्मू और कश्मीर राज्य पर अधिकार के लिये बँटवारे के समय से ...

                                               

चीनी मार्शल आर्ट

चीनी मार्शल आर्ट, कभी-कभी मैंडरिन चीनी भाषा में वुशु कहलाता है, लेकिन कुंग फू के नाम से लोकप्रिय है, कई तरह की लड़ाई की शैलियां हैं, जिन्हें आज जो चीन कहलाता है, वहा पे सदियों से विकसित किया गया है। लड़ाई की ये शैलियां आमतौपर सामान्य लक्षण के अनु ...

                                               

गन फू

गन फू बन्दूक और कुंग फू का मिला जुला रूप है। इसमें कुंग फू के साथ बन्दूक को मिलाकर युद्ध शैली रची जाती है जिसे अधिकतर हांग कांग एक्शन सिनेमा में देखा जाता है और अमरिकी फ़िल्में नवीन युग में इसका उपयोग कर रही है।

                                               

जैविक युद्ध

जैविक युद्ध अथवा कीटाणु युद्ध किसी युद्ध में किसी व्यक्ति, पशु अथवा पौधे को मारने के उद्देश्य से उसके उसमें जीवाणु, विषाणु अथवा फफूंद जैसे जैविक आविष अथवा संक्रमणकारी तत्वों का उपयोग करना कहलाता है। परम्परागत अंतर्राष्ट्रीय मानवतावादी विधियों एवं ...

                                               

शल्य अन्तर्वेधन

शल्य अन्तर्वेधन ऐसे सैनिक आक्रमण को कहते हैं जो किसी दुश्मन देश की हानिकारक क्षमता या उसके विघटनकारी तत्वों को ही नष्ट करे जिसका कि लक्ष्य किया गया हो, इसके अलावा कम से कम या नहीं के बराबर नुकसान होना लक्ष्य रहता है। सर्जिकल स्ट्राइक या सर्जिकल ऑ ...

                                               

पनडुब्बी

पनडुब्बी एक प्रकार का जलयान है जो पानी के अन्दर रहकर काम कर सकता है। यह एक बहुत बड़ा, मानव-सहित, आत्मनिर्भर डिब्बा होता है। पनडुब्बियों के उपयोग ने विश्व का राजनैतिक मानचित्र बदलने में बहुत बड़ी भूमिका निभाई है। पनडुब्बियों का सर्वाधिक उपयोग सेना ...

                                               

फील्ड गन निर्माणी, कानपुर

फील्ड गन फैक्टरी कानपुर सेंट्रल रेलवे स्टेशन से झाँसी की ओर जाने वाले कालपी रोड मार्ग पर 10 कि०मी० दूरी पर स्थित है। यह निर्माणी आयुध निर्माणियों के शस्त्र, वाहन एवं अभियंत्रण समूह की सबसे नई सदस्य है।

                                               

भारतीय आयुध निर्माणी

भारतीय आयुध निर्माणियाँ एक भव्य औद्योगिक संरचना हैं जो रक्षा मंत्रालय के रक्षा उत्पादन विभाग के अंतर्गत कार्य करती हैं। भारतीय आयुध निर्माणियाँ जिसका मुख्यालय कोलकाता में है, वह 39 निर्माणियों, 9 प्रशिक्षण संस्थान, 3 क्षेत्रीय विपणन केन्द्ओर 4 क् ...

                                               

मित्रपक्ष शक्तियाँ

मित्रपक्ष शक्तियाँ या ऐलाइड शक्तियाँ उन देशों का गुट था जिन्होनें द्वितीय विश्वयुद्ध में ब्रिटेन, संयुक्त राज्य अमेरिका, सोवियत संघ और चीन का साथ दिया और अक्ष शक्तियों के ख़िलाफ़ लड़े। भिन्न मित्रपक्ष देश द्वितीय विश्वयुद्ध की मुठभेड़ में या तो इ ...

                                               

सैन्य अभियान

सैन्य अभियान किसी विकासशील स्थिति के जवाब में किसी राज्य, या गैर-राज्य अभिनेता के समन्वित सैन्य कार्य होते हैं। ये कार्य राज्य के पक्ष में स्थिति को हल करने के लिए एक सैन्य योजना के रूप में तैयार की जाती हैं। अभियान संव्याध या गैर-संव्याध स्वभाव ...

                                               

ककुत्स्थ (अयोध्या के सूर्यवंशी राजा)

ककुत्स्थ, विकुक्षि के पुत्र जो इक्ष्वाकु के पौत्और वैवस्वत मनु के प्रपौत्र थे। देवासुर संग्राम में इन्होंने वृषरूपधारी इंद्र के कुकुद् अर्थात्‌ डील पर सवार होकर राक्षसों को पराजित किया था। इसी कारण वे ककुत्स्थ कहलाए। इनके पुत्र अनेना और पौत्र पृथ ...

                                               

कुवलयाश्व (अयोध्या के सूर्यवंशी राजा)

कुवलयाश्व, इक्ष्वाकुवंशीय राजा बृहदश्व के पुत्र। अपने पिता के आदेश से इन्होंने धुंधु नामक राक्षस का वध किया था। इसी से इनका दूसरा प्रसिद्ध नाम धुंधमार भी है। इसके वध की कथा विस्तारपूर्वक हरिवंश पुराण में वर्णित है। इनके सौ पुत्र थे।

                                               

हिरोहितो

हिरोहितो अथवा शोओवा सम्राट, जापान के १२४वे सम्राट थे। उनका राजकाल २५ दिसम्बर १९२६ से लेकर १९८९ में उनकी मृत्यु तक था। हालांकि जापान के बाहर वो अपने व्यक्तिगत नाम हिरोहितो से जाने जाते हैं, जापान में आज वो केवल अपने मरणोपरांत नाम शोओवा से जाने जात ...

                                               

भूपिन्दर सिंह (पटियाला)

Dayaloo 1 year ago राजा-महाराजाओं के पराक्रम के कई किस्से इतिहास के पन्नों में दर्ज हैं, लेकिन कुछ के रंगीन मिजाज़ी के किस्से भी बहुत है। हमाम में दासियों के साथ रासलीला हो या किसी दुसरे राजा की रानी पर नज़र, इनकी अय्याशी के चर्चे भी रहे हैं। एक ...

                                               

कल्याण मल्ल

कल्याण मल्ल 16वीं शताब्दी में पूर्वी उत्तर प्रदेश में शासन कर रहे लोदी युवराज लाड खान के दरबार के प्रिय लेखक थे। उन्होनें संस्कृत में सुलेमान चरित नामक ग्रन्थ की रचना की है जिसमें इस्लामी और इसाई कथाओं का संकलन है। उनकी दूसरी रचना अनंगरंग नामक का ...